Friday , 16 November 2018

महाविद्यालयों में शिक्षा और उद्योगो की आवश्यकता में सामंजस्य हो- पवन कौशिक

इंस्टिट्यूट आॅफ रूरल मैनेजमेंट, जयपुर मंे स्पर्धा 2018 का आयोजन

विद्यार्थी स्वयं को उत्सुक बनायें और अनुसंधान करें जो कि प्रत्येक प्रबंधन के छात्र के लिए केन्द्र बिन्दु है एवं महाविद्यालयों द्वारा दी जाने वाली शिक्षा और उद्योगो की आवश्यकता मंे सामंजस्य हो, ये विचार हिन्दुस्तान जिं़क के वाइस प्रेसिडेंट एवं हेड कार्पोरेट कम्यूनिकेशन पवन कौशिक ने इंस्टिट्यूट आॅफ रूरल मैनेजमेंट, जयपुर के कार्यक्रम स्पर्धा 2018 में मुख्य अतिथि के रूप में व्यक्त किये.

कौशिक ने संस्थान के मैनेजमेंट के छात्रों से आव्हान किया कि उन्हें देश के वर्तमान सकल घरेलू उत्पाद के बारें मे शोध करना चाहिए क्योकि विगत 5 वर्ष जो हुआ और आने वाले 5 वर्षो के लिए पूर्वानुमान बहुत महत्वपूर्ण है, शोध में यह भी शामिल हो कि देश को सक्षम बनाने के लिए कौनसे महत्वपूर्ण विषयों पर बल देने की आवश्यकता है.

उन्होंने कहा कि महाविद्यालयों में उद्योगो की आवश्यकता अनुरूप शिक्षा मिले ताकि ये युवा जल्द ही उद्योगों मेे अपनी जिम्मेदार भूमिका निभा सकें, उन्होंने रूरल मैनेजमेंट एवं सीएसआर के मुख्य तत्वों के बारे में विद्यार्थियांे कांे विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि विद्यार्थियों को भविष्य में अच्छे प्रोफेशन में जाने के लिए अच्छी आधारभूत शिक्षा जरूरी है. उन्होंने ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण, देश के आर्थिक विकास और ग्रामीण भारत को विकसित करने हेतु भारतीय युवाओं की भूमिका के बारें में विचार व्यक्त किये.

कौशिक ने सामाजिक उत्तरदायित्व के बारे मंे कहा कि सीएसआर में केरेक्टर, सस्टेनेबल और रिजल्ट को प्राथमिकता देनी चाहिए. उन्होंने हिन्दुस्तान जिं़क द्वारा सीएसआर के तहत् सामाजिक उत्थान के लिए चलायी जा रही महत्वपूर्ण परियोजानाओं सखी, खुशी, नंदघर एंव बीसेफ ज़िन्दगी के बारे मे जानकारी दी. स्पर्धा 2018 में एसआईआईआरएम के चेयरमेन प्रोफेसर बारबरा केंगन, एफएमएस आईआरएम के निदेशक डाॅ जेसी जोन, एसआईआरएम के सलाहकार डाॅ बीआर मदान, सीईओ स्टेनी थाॅमस केंगन, एडवाइजर डाॅ आरडी सिंह सहित 150 से अधिक एमबीए के विद्यार्थी एवं फेकल्टी उपस्थित रहें.

http://udaipurkiran.in/hindi

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*