Thursday , 19 September 2019

आज जो हूं, अपनी असफलताओं के बदौलत हूं : ऋतिक रोशन

नई दिल्ली.अभिनेता ऋतिक रोशन ने आज से 19 साल पहले ‘कहो न प्यार है’ फिल्म से बॉलीवुड में अपने करियर की शुरुआत की और तब से लेकर अब तक उन्हें कई फिल्मों में देखा गया है. ‘फिजा’, ‘कभी खुशी कभी गम’, ‘कोई मिल गया’, ‘धूम 2’ और ‘जिंदगी न मिलेगी दोबारा’ उनकी हिट फिल्में रही हैं. इनमें उन्होंने अपने अभिनय के माध्यम से लोगों के दिलों में जगह बनाई. लेकिन इसके अलावा कुछ फिल्में ऐसी भी हैं, जिसमें दमदार अभिनय के बाद भी वह हिट नहीं हो सकी. ‘यादें’, ‘ना तुम जानो ना हम’, ‘लक्ष्य’, ‘काइट्स’ और ‘मोहनजोदारो’ ऋतिक की वे फिल्में हैं, जिनमें उन्होंने काम तो शानदार किया लेकिन वह उम्मीद के मुताबिक नहीं चल पाईं. समय के साथ ऋतिक ने कई प्रकार की फिल्में की और सभी में अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिशें की. अभिनेता के अनुसार, यह असफलताएं ही थीं, जिन्होंने उन्हें आगे बढऩे में और नई ऊंचाइयों को छूने में मदद की.
ऋतिक ने कहा, आज जब मैं पीछे मुड़ के देखता हूं, तो पाता हूं मैं लंबा सफर तय कर चुका हूं. कुछ सफलताएं हैं और कुछ असफलताएं हैं लेकिन महत्वपूर्ण पाठ मुझे मेरी असफताओं से सिखने को मिले हैं. मैं आज जहां हूं यह सब मेरी असफलताओं का ही परिणाम है. फिल्मों की पसंद के बारे में बात करते हुए 45 वर्षीय स्टार ने कहा कि वह ‘एंटरटेनमेंट स्क्रिप्ट’ की तलाश में रहते हैं. हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘सुपर 30’ में ऋतिक के अभिनय की सभी ने तारीफ की है. सच कहूं तो मैंने ‘सुपर 30’ में इसलिए काम नहीं किया कि इससे सोशल मैसेज जाएगा. मैंने यह किया क्योंकि इसकी कहानी बहुत अच्छी थी. मेरे पिता हमेशा कहते हैं कि अगर आप समाज को कोई संदेश देना चाहते हैं, तो डॉक्यूमेंट्री बनाएं, फिल्म नहीं. अगर आप फिल्म बनाना चाहते हैं, तो उसमें मनोरंजन होना ही चाहिए. मैं सिर्फ इसलिए कोई फिल्म नहीं करना चाहूंगा क्योंकि वह किसी महान व्यक्ति की बायोपिक है. मैं तभी उसे करूंगा यदि उसकी स्क्रिप्ट एंटरटेनिंग है. इसी प्रकार की कहानियों की तलाश में मैं हूं.