Saturday , 11 July 2020

कोविड-19 संक्रमित 25 और लोगों की मौत, संक्रमण के 672 नए मामले

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटों के दौरान कोविड-19 संक्रमित 25 और लोगों की मौत हो गई. वहीं, संक्रमण के 672 नए मामले सामने आए.
प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित मोहन प्रसाद ने मंगलवार को बताया कि पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में कोविड-19 संक्रमित 25 और लोगों की मौत हो गई. इसके साथ ही मरने वालों का आंकड़ा बढ़कर 697 हो गया है. उन्होंने बताया कि इस अवधि में कोविड-19 संक्रमण के 672 नए मामले सामने आए हैं. इस वक्त उपचाराधीन मामलों की संख्या 6711 है. अब तक 16084 लोग पूरी तरह ठीक हो कर घर जा चुके हैं. अब ठीक हो चुके मरीजों का प्रतिशत बढ़कर 68.46 हो गया है.
प्रसाद ने बताया कि प्रदेश में इस समय पृथक वार्ड में 6714 लोगों को रखकर उनका इलाज किया जा रहा है और पृथक-वास केंद्र में 4908 लोग हैं, जिनके नमूने लेकर जांच कराई जा रही है. उन्होंने बताया कि मंगलवार को प्रदेश में 21414 नमूनों की जांच की गई और राज्य में अब तक 727793 नमूनों की जांच की जा चुकी है.
प्रसाद ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा डेढ़ लाख बिस्तर तैयार करने के लक्ष्य को पूरा करते हुए अब राज्य के स्1, स्2, स्3 अस्पतालों में कुल 151172 बिस्तरों की उपलब्धता सुनिश्चित कर ली गई है. उन्होंने बताया कि आगामी दो जुलाई से प्रदेश में सर्विलांस का एक विशेष अभियान शुरू किया जा रहा है. इसकी शुरुआत मेरठ मंडल के 6 जिलों से होगी. वहीं बाकी मंडलों में इसकी शुरुआत पांच जुलाई से की जाएगी. मेरठ मंडल में 2 जुलाई से 12 जुलाई तक स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाएंगी और लोगों से उनका हाल पूछेंगी. अगर उनमें कोरोनावायरस के लक्षण हैं तो उसे दर्ज किया जाएगा. प्रसाद ने बताया कि पल्स पोलियो अभियान की तरह हर घर पर सर्वेक्षण के बाद घर की दीवार पर एक चिन्ह बनाया जाएगा और भ्रमण की तिथि को भी दर्ज किया जाएगा. इस अभियान में दीवार पर निशान बनाया जाएगा और नीचे तिथि लिखी जाएगी. साथ ही कोरोनावायरस से बचने के तरीकों को लेकर बनाया गया स्टिकर उस घर की दीवार पर चिपकाया जाएगा. इस स्टिकर पर जिले और राज्य के कंट्रोल रूम का नंबर लिखा होगा. अपर मुख्य सचिव ने बताया कि प्रदेश के बाकी 17 मंडलों में यह अभियान 5 जुलाई से 15 जुलाई तक चलेगा. प्रसाद ने बताया कि इस अभियान के दौरान अगर किसी घर में कोई व्यक्ति लिवर, कैंसर, हाइपरटेंशन, किडनी, दिल के रोग या मधुमेह जैसी बीमारियों से ग्रस्त हैं तो उन्हें भी दर्ज किया जाएगा ताकि उन्हें अतिरिक्त रूप से सावधान किया जाए कि वह संक्रमण से बिल्कुल बचें. उन्होंने बताया कि बरसात के मौसम में डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया, इंसेफेलाइटिस, जेई और एईएस समेत कई तरह के संचारी रोग फैलते हैं. इनसे बचाव के लिए एक जुलाई से एक माह का संचारी रोग अभियान शुरू किया जा रहा है. अपर मुख्य सचिव ने बताया कि इसकी शुरुआत बुधवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ से करेंगे. इस अवसर पर सभी 75 जिलों में अभियान की शुरुआत करने के लिए कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें मंत्री, सांसद तथा विधायक शामिल होंगे. उन्होंने बताया कि इस अभियान के दौरान नगर विकास, पंचायती राज विभाग, शिक्षा विभाग, दिव्यांग जन सशक्तिकरण समेत कई विभाग काम करते हैं. इसके अलावा 16 जुलाई से 31 जुलाई तक आशा कार्यकर्ता श्दस्तक अभियानश् चलाएंगी, जिसमें वे घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेंगी.