Thursday , 9 April 2020

फिल्म रिव्यूः “ओ पुष्पा आई हेट टियर्स”

प्यार और पैसा मिलने के बाद “वो” की एंट्री से इंसान की ज़िन्दगी में हुई उथल-पुथल को पर्दे पर बखूबी दिखाती फ़िल्म “ओ पुष्पा आई हेट टियर्स” में एंटरटेनमेंट और ड्रामा का बेहतरीन सामंजस्य है. फ़िल्म में कृष्णा अभिषेक,  अर्जुम्मन मुगल, अनुस्मृति सरकार एवं कार्तिक जयराम की मुख्य भूमिका है. निर्देशन दिनकर कपूर ने किया है.

कहानीः एक ही कॉलेज में पढ़ रहे आदित्य (कार्तिक जयराम) और पुष्पा (अर्जुम्मन मुगल) को उस समय प्यार हो जाता है जब आदित्य डिग्री हासिल करता है और सभी बधाई देते हैं. उसी वक्त पुष्पा आदित्य को साथ कॉफी पीने के लिए आमंत्रित करती है जहां वह एकदम समय पर पहुंचता है और बताता है कि वह टाइम का एकदम पाबंद है. दोनों एक दूसरे से बेइंतहां प्यार करने लगते हैं. पुष्पा अपने बिजनेसमैन पिता को बताती है और वे दोनों की शादी करवाने के बाद दुनिया से चल बसते हैं. उसके बाद पूरा कारोबार आदित्य के हाथ में आ जाता है. उसके बाद पुष्पा आदित्य के व्यवहार में बदलाव महसूस करने लगती है क्योंकि वह पुष्पा को बिल्कुल समय नहीं देता. रात को घर पर शराब के नशे में आता है, क्योंकि वह अपनी सेक्रेटरी पर फिदा हो जाता है और उससे शादी करने की सोचता है लेकिन जब तक वह पुष्पा से अलग नहीं होता तब तक यह संभव नहीं है लेकिन अगर वह पुष्पा से अलग हो जाता है तो पूरी जायदाद उसके हाथ से निकल जाएगी. इसी बीच एक बार में उसकी मुलाकात श्याम (कृष्णा अभिषेक) से होती है जो टपोरी किस्म का युवा होता है. दारू पीता है लेकिन बिल नहीं देता और बार में मारपीट करता है और बार के बाउंसर्स और बेटर्स की जबरदस्त धुलाई करता है. उसकी यह करामात देख आदित्य उसे अपनी बीवी पुष्पा के मर्डर की सुपारी दे देता है. लेकिन जब वह घर जाता है तो देखता है कि श्याम और पुष्पा एक दूसरे के साथ मस्ती में मशगूल हैं. आगे क्या होता है, क्या श्याम पुष्पा का मर्डर करता है? या पुष्पा श्याम की हो जाती है? और या फिर कहानी कोई और मोड़ ले लेती है? यह सब जानने के लिए एक बार फिल्म “ओ पुष्पा आई हेट टियर्स” देखने थिएटर तक जरूर जाएं. फिल्म में कृष्णा की कॉमेडी भी देखने को मिलेगी.

अभिनय/निर्देशन/संगीतः फिल्म “ओ पुष्पा आई हेट टियर्स” में कृष्णा की एंट्री मजेदार और जबरदस्त है. कार्तिक जयराम साधारण लगे हैं जबकि पुष्पा के किरदार में अर्जुम्मन मुगल ग्लैमरस नजर आ रही हैं. आदित्य की सेक्रेटरी के रूप में अनुस्मृति सरकार अच्छी लग रही हैं. पुलिस अधिकारी बनकर अखिलेंद्र मिश्रा का अंदाज मजेदार है. बाकी किरदार भी ठीक-ठाक हैं. फिल्म का संगीत अच्छा है. सारे गाने मजेदार हैं.

सुरभि सलोनी की तरफ से “ओ पुष्पा आई हेट टियर्स” को 3 स्टार.