Sunday , 28 November 2021
प्रधानमंत्री मोदी से मिलीं ममता बनर्जी, बीएसएफ कानून को वापस लेने की मांग की

प्रधानमंत्री मोदी से मिलीं ममता बनर्जी, बीएसएफ कानून को वापस लेने की मांग की

नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. मुलाकात के बाद ममता ने कहा कि उन्होंने पीएम मोदी के समक्ष बीएसएफ का मुद्दा उठाया. इसके अलावा त्रिपुरा हिंसा पर भी बात की. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी से बीएसएफ के बारे में चर्चा हुई. बीएसएफ पर हमारी दुश्मन नहीं है. वे सभी एजेंसियों की इज्जत करती हैं, लेकिन कानून-व्यवस्था जो राज्य का विषय है इससे उसमें टकराव होता है. उन्होंने आगे बताया कि पीएम से उन्होंने कहा कि संघीय ढांचे को बेवजह छेड़ना ठीक नहीं है, इसके बारे में आप चर्चा करें और बीएसएफ के कानून को वापस लें.

बता दें कि बीएसएफ को पहले पंजाब, पश्चिम बंगाल और असम राज्यों में पंद्रह किलोमीटर तक कार्रवाई करने का अधिकार था, उसे अब केंद्र या राज्य सरकार की अनुमति के बिना अपने अधिकार क्षेत्र को 50 किमी तक बढ़ाने के लिए अधिकृत किया गया है. ममता केंद्र सरकार के इस कदम का लगातार विरोध कर रही हैं.

अक्टूबर में ममता ने कहा था कि पंजाब सरकार की तरह पश्चिम बंगाल सरकार भी सीमावर्ती राज्यों में बीएसएफ के अधिकार क्षेत्र को बढ़ाने के केंद्र के फैसले का विरोध करेगी. उनका कहना है कि कानून-व्यवस्था राज्य का विषय है और बांग्लादेश से लगी पश्चिम बंगाल की सीमा पूरी तरह शांतिपूर्ण है. मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि उनकी सरकार राज्य के कानूनों के अनुसार चलेगी.

ममता ने आगे बताया कि पीएम मोदी से उन्होंने कहा कि बंगाल में बहुत सारी प्राकृतिक आपदाएं हुई हैं. इसमें केंद्र सरकार से राज्य को बहुत पैसा मिलेगा. ममता ने पीएम से वो पैसे देने के लिए बोला. उन्होंने कहा ​कि ठीक है हम परिस्थिति देख कर बताएंगे. उन्होंने यह भी बताया कि 30 नवंबर-1 दिसंबर को अपनी मुंबई यात्रा के दौरान वो महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे और शरद पवार जी से मिलेंगी. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर उन्होंने कहा कि अगर समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव को हमारी मदद की जरूरत है तो हम मदद के लिए तैयार हैं.

पीएम मोदी से मिलने से पहले ममता ने आज राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी से मुलाकात की. वह 25 नवंबर तक राष्ट्रीय राजधानी में रहेंगी. ऐसे में चर्चा है कि मुख्यमंत्री कांग्रेस के शीर्ष नेताओं के अलावा विपक्ष के अन्य नेताओं से मुलाकात कर सकती हैं. ममता का दिल्ली का दौरा संसद के शीतकालीन सत्र से कुछ दिन पहले हो रहा है, जो 29 नवंबर से शुरू होने वाला है. इससे पहले जद (यू) के पूर्व राज्यसभा सांसद पवन वर्मा, कांग्रेस नेता कीर्ति आजाद और अशोक तंवर मंगलवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की मौजूदगी में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में शामिल हो गए.